Oil India Share Price : ऑयल इंडिया लिमिटेड (Oil India Ltd.) भारत की प्रमुख सरकारी तेल और गैस निर्माता कंपनी है। कंपनी का मार्केट कैप नवंबर 2025 में ₹66,000 करोड़ से ऊपर रहा है। हाल ही में Q2 FY26 के नतीजे सामने आए हैं, जिसमें कंपनी ने कंसॉलिडेटेड टर्नओवर ₹9,175 करोड़ दर्ज किया। हालांकि नेट प्रॉफिट ₹1,044 करोड़ रहा, जो पिछले साल इसी तिमाही के ₹1,834 करोड़ से कम है। कंपनी का EBITDA मार्जिन घटकर 27.4% रह गया, जबकि रेवेन्यू में 5.9% का ग्रोथ दर्ज हुआ है।
Oil India Order Book
Oil India ने अपने बिजनेस डायवर्सिफिकेशन पर जोर देते हुए सितंबर 2025 में Lakshya Powertech के साथ ₹48.64 करोड़ का सात साल का CNG सर्विसेज कॉन्ट्रैक्ट किया। इसके अलावा HMPL की क्विप्पो यूनिट को ₹280.1 करोड़ का ऑयल इंडिया प्रोजेक्ट मिला है। ये नए ऑर्डर्स कंपनी की फ्यूचर ग्रोथ में अहम भूमिका निभाएंगे, खास तौर से ग्रीन और क्लीन एनर्जी सेगमेंट में।
Past Share Price Performance
पिछले पाँच सालों में ऑयल इंडिया ने अपने निवेशकों को करीब 515% का रिटर्न दिया है। 2023–2024 के बीच कंपनी के शेयर में 239% ग्रोथ दर्ज हुई थी। 52 वीक हाई ₹653 (जुलाई 2024) और लो ₹174.37 रहा है। डिविडेंड यील्ड 2.19% है।
Year-wise Share Price Target (2026–2030)
नीचे आने वाले 5 सालों के टारगेट्स की जानकारी दी गई है, जो विभिन्न रिसर्च और ब्रोकरेज रिपोर्ट्स के आधार पर तैयार की गई है:
| Year | Lower Target (₹) | Upper Target (₹) |
|---|---|---|
| 2026 | 894 | 1,304 |
| 2027 | 1,179 | 1,528 |
| 2028 | 1,560 | 1,750 |
| 2029 | 1,650 | 2,180 |
| 2030 | 2,000 | 2,300 |
Main Growth Factors
कंपनी की ग्रोथ के बड़े कारणों में सरकार का फोकस एनर्जी सिक्योरिटी बढ़ाने पर, ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स, नए तेल और गैस फील्ड्स में खोज, और डाइवर्सिफाइड ऑर्डर बुक शामिल हैं। Numaligarh Refinery का 100%+ capacity utilization, नए कॉन्ट्रैक्ट्स और मजबूत डिविडेंड पॉलिसी ग्रोथ को सपोर्ट करते हैं। हालांकि पिछली तिमाही में प्रॉफिट नीचे गया है, पर revenue steady है और फ्यूचर के लिए बिजनेस डायवर्सिफिकेशन किया जा रहा है।
Disclaimer
यह आर्टिकल केवल जानकारी देने के उद्देश्य से है। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमपूर्ण है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह अवश्य लें। कम्पनी के शेयर प्राइस डेटा समय के अनुसार बदल सकते हैं, तो निवेश का फैसला सभी जरूरी रिसर्च और एनालिसिस के बादे बाद ही करें।





